अपनी बात अभिव्यक्त करने का प्रयास, चाहे वे आपके विचारों से भिन्न ही क्यों ना हों .... पाठकों की टिप्पणी का स्वागत है, पर भाषा शालीन हो, इसका निवेदन है .... - केशव राम सिंघल, अजमेर, भारत.
रविवार, 12 अप्रैल 2026
कथ्य-विशेष : अंतःकरण चतुष्टय और मैं
कथ्य-विशेष : अंतःकरण चतुष्टय और मैं: अंतःकरण चतुष्टय और मैं ********** मन, बुद्धि, चित्त और अहंकार में क्या अंतर है? यह समझने की एक छोटी सी कोशिश।
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